*मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित कैबिनेट की बैठक में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए -*

*मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित कैबिनेट की बैठक में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए -*

*मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित कैबिनेट की बैठक में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए -*

1. मंत्रिपरिषद ने ’छत्तीसगढ़ राज्य आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) मिशन’ को मंजूरी दी है। इस मिशन का उद्देश्य राज्य में सुशासन, नई तकनीक, कौशल विकास और डिजिटल अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना है। यह मिशन 5 वर्षों के लिए होगा, जिस पर 500 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।

_x000D_

इस मिशन के तहत - 100 AI डेटा लैब बनाई जाएंगी, 5 सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किए जाएंगे, 300 से अधिक AI स्टार्टअप्स को सहायता दी जाएगी, 6 लाख विद्यार्थियों और 1.5 लाख सरकारी कर्मचारियों को AI का प्रशिक्षण दिया जाएगा। शासन के कार्यों को आसान और तेज़ बनाने के लिए 50 से अधिक AI आधारित सेवाएं विकसित की जाएंगी।

_x000D_

यह मिशन भारत सरकार के IndiaAI Mission  के अनुरूप छत्तीसगढ़ को उत्तरदायी, नवाचार-आधारित और भविष्य उन्मुख डिजिटल राज्य के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

_x000D_

2. मंत्रिपरिषद् ने छत्तीसगढ़ में हैवी अर्थ मूविंग इक्वीपमेंट (Heavy Earth Moving Equipment) मैन्युफैक्चरिंग संयंत्र की स्थापना के लिए भारत अर्थ मूवर्स लिमिटेड (BEML) को रियायती दर पर भूमि आवंटित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। बीईएमएल भारत सरकार का एक प्रतिष्ठित मिनीरत्न सार्वजनिक उपक्रम है। हैवी अर्थ मूविंग इक्वीपमेंट मैन्युफैक्चरिंग संयंत्र हेतु यह राज्य का पहला उद्योग होगा, जिसकी स्थापना से छत्तीसगढ़ को देश के औद्योगिक मानचित्र पर नई पहचान मिलेगी और राज्य में आधुनिक भारी मशीन निर्माण उद्योग की शुरुआत होगी।

_x000D_

मंत्रिपरिषद के इस महत्वपूर्ण निर्णय से राज्य में बड़े निवेश को बढ़ावा मिलेगा, स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे तथा सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों (MSME) को भी प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लाभ मिलेगा। राज्य में संयंत्र की स्थापना से औद्योगिक विकास को गति मिलेगी, स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी और छत्तीसगढ़ विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में उभरेगा।

_x000D_

3. मंत्रिपरिषद् ने लोक निर्माण विभाग में निर्माण कार्यों के डिजिटल प्रबंधन के लिए वर्क्स एण्ड अकाउंट मैनेजमेंट इन्फॉर्मेशन सिस्टम (WAMIS) लागू करने के प्रथम चरण को मंजूरी दी है। इस प्रणाली के माध्यम से कार्यों की स्वीकृति, ई-प्राक्कलन, ई-प्रोक्योरमेंट, ई-मेजरमेंट बुक (e-MB), बिल भुगतान, लेखा प्रबंधन तथा गुणवत्ता की निगरानी जैसी सभी प्रक्रियाएं एकीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म पर संचालित होंगी। सी-डैक (C-DAC), पुणे द्वारा विकसित इस प्रणाली को पहले लोक निर्माण विभाग में लागू किया जाएगा, जिसके बाद अन्य निर्माण एवं अधोसंरचना विभागों में भी इसका विस्तार किया जाएगा। इससे निर्माण कार्यों में पारदर्शिता बढ़ेगी, भुगतान की प्रक्रिया तेज होगी, कार्यों की रियल-टाइम निगरानी संभव होगी और परियोजनाओं का क्रियान्वयन अधिक प्रभावी एवं जवाबदेह बनेगा।

_x000D_

4. मंत्रिपरिषद की बैठक में मुख्यमंत्री ग्राम सड़क एवं विकास योजना अंतर्गत बारहमासी सड़कों के निर्माण हेतु जारी दिशा-निर्देशों में संशोधन को मंजूरी प्रदान की गई। संशोधनों के तहत ग्रामीण आंतरिक गलियों में सीसी सड़क एवं नाली निर्माण तथा सड़क निर्माण से पूर्व मनरेगा से मिट्टी कार्य की अनिवार्यता समाप्त की गई है। योजना की पात्रता का दायरा बढ़ाकर ऐसे सभी ग्रामीण मार्गों को शामिल किया गया है, जो प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना अथवा अन्य योजनाओं में सम्मिलित नहीं हैं। आवश्यकता अनुसार नाबार्ड ऋण, पर्यावरण एवं अधोसंरचना विकास मद, खनिज न्यास मद सहित अन्य स्रोतों से भी वित्तीय संसाधन उपलब्ध कराए जा सकेंगे। कार्यों का अनुमोदन प्रशासनिक विभाग करेगा तथा क्रियान्वयन की समीक्षा एवं अंतर्विभागीय समन्वय के लिए राज्य स्तरीय उच्चाधिकार प्राप्त समिति गठित की जाएगी। 

_x000D_

5. मंत्रिपरिषद् ने वित्त विभाग के उस प्रस्ताव का अनुमोदन किया है, जिसके तहत Asian Development Bank  (ADB) से छत्तीसगढ़ अंजोर विजन 2047 के क्रियान्वयन हेतु "Anjor LIGHT (Anjor Linked Implementation & Guidance for Holistic Tracking)’’ तकनीकी सहायता परियोजना के लिए 15 करोड़ रुपये का पूर्णतः अनुदान (Grant) प्राप्त किया जाएगा। यह तीन वर्ष (1 दिसंबर 2026 से 30 नवंबर 2029) की बहु-क्षेत्रीय परियोजना है, जिसमें राज्य शासन अथवा भारत सरकार का कोई वित्तीय अंशदान नहीं होगा।

_x000D_

परियोजना के अंतर्गत सार्वजनिक वित्त प्रबंधन को सुदृढ़ करना, PPP इकोसिस्टम का विकास, ग्रीन एवं ब्लेंडेड फाइनेंस को बढ़ावा देना, राज्य के सार्वजनिक उपक्रमों (SOEs) की कार्यक्षमता में सुधार, क्लाइमेट-रेजिलिएंट परियोजनाओं का विकास तथा छत्तीसगढ़ अंजोर विजन 2047 के अनुरूप प्राथमिकता आधारित परियोजनाओं की पाइपलाइन तैयार की जाएगी। इसके लिए परियोजना प्रबंधन इकाई (PMU) की स्थापना की जाएगी।

_x000D_

यह परियोजना पूर्णतः अनुदान आधारित होने से राज्य पर कोई अतिरिक्त वित्तीय भार नहीं पड़ेगा तथा इससे संस्थागत क्षमता निर्माण, निवेश संवर्धन और सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) की प्राप्ति को गति मिलेगी।

_x000D_

6. मंत्रिपरिषद् ने राज्य योजनाओं के लिए State Single Nodal Agency (S-SNA) मॉडल लागू करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इस नई व्यवस्था का उद्देश्य सरकारी योजनाओं की राशि का अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करना है। अब योजनाओं की राशि विभिन्न बैंक खातों में लंबे समय तक निष्क्रिय नहीं रहेगी, बल्कि एक केंद्रीकृत मदर अकाउंट के माध्यम से आवश्यकता होने पर ही सीधे हितग्राहियों या वेंडरों को भुगतान किया जाएगा। यह मॉडल भारत सरकार द्वारा केंद्र प्रायोजित योजनाओं में लागू SNA प्रणाली की तर्ज पर राज्य की योजनाओं में भी लागू किया जाएगा, जिससे शासन व्यवस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही और सुशासन को और मजबूती मिलेगी।

_x000D_

इस व्यवस्था से योजनाओं के क्रियान्वयन की रियल-टाइम निगरानी संभव होगी, वित्तीय अनुशासन मजबूत होगा और निष्क्रिय राशि, गबन तथा बैंकिंग धोखाधड़ी जैसी संभावनाओं पर प्रभावी नियंत्रण लगेगा। साथ ही, राज्य की नकदी प्रबंधन क्षमता बेहतर होगी, ब्याज का अनावश्यक बोझ कम होगा और उपलब्ध वित्तीय संसाधनों का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित किया जा सकेगा। 

_x000D_

7. मंत्रिपरिषद् ने छत्तीसगढ़ स्टेट पावर जनरेशन कंपनी लिमिटेड (CSPGCL) को आमजन एवं संस्थागत निवेशकों की भागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से 200 करोड़ रूपए तक के नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर (NCD)/बॉन्ड जारी कर स्टॉक एक्सचेंज में सूचीबद्ध (लिस्टिंग) किए जाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। इस निर्णय से कंपनी के लिए वित्तीय संसाधन जुटाने के नए विकल्प उपलब्ध होंगे, ऊर्जा क्षेत्र में निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा तथा राज्य के विद्युत अवसंरचना विकास को और गति मिलेगी।

_x000D_

इसके लिए राज्य शासन द्वारा मूलधन एवं ब्याज के भुगतान पर प्रत्याभूति शुल्क में छूट सहित गारंटी प्रदान की जाएगी। साथ ही, लिस्टिंग प्रक्रिया से संबंधित आवश्यक निर्णय लेने हेतु कंपनी के संचालक मंडल तथा आवश्यक निर्देश जारी करने के लिए ऊर्जा विभाग को अधिकृत किया गया है। 

_x000D_

---000---